झांसी : निजीकरण के विरोध में विरोध-प्रदर्शन

विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले पूर्व घोषित कार्यक्रमानुसार पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लि. के निजीकरण के प्रस्ताव के विरोध में कार्यालय मुख्य अभियंता (वि.) झाँसी के प्रांगण में अपराह्न 2 बजे से 5 बजे तक विरोध प्रदर्शन सभा आयोजित की गयी...

झांसी : निजीकरण के विरोध में विरोध-प्रदर्शन

विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले पूर्व घोषित कार्यक्रमानुसार पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लि. के निजीकरण के प्रस्ताव के विरोध में कार्यालय मुख्य अभियंता (वि.) झाँसी के प्रांगण में अपराह्न 02 बजे से 05 बजे तक विरोध प्रदर्शन सभा आयोजित की गयी। जिसमें झाँसी जनपद के विद्युत विभाग के समस्त अधिकारियों, अवर अभियंता एवं कर्मचारियों द्वारा सहभाग किया गया।

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अखिल भारतीय पावर डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष इ. आर.के. त्रिवेदी ने सभा को सम्बोधित करते हुए कहा कि इस जन-विरोधी निजीकरण को यदि प्रदेश सरकार द्वारा रोका नहीं गया तो आंदोलन को प्रदेश स्तर से राष्ट्रीय स्तर पर ले जाया जाएगा। निजीकरण जहां एक ओर सरकारी कर्मचारियों पर आर्थिक संकट उत्पन्न होगा वहीं दूसरी ओर सरकारी विभागों में अपना भविष्य तलाश रहे युवाओं के लिए बेरोजगारी का संकट उत्पन्न होगा। अगर सरकार की नीतियाँ बिजली को निजी क्षेत्र में धकलने की रहीं तो वो दिन दूर नहीं जब आम जनमानस महंगाई के कारण लालटेन युग में प्रवेश होने को बाध्य होगा।

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विरोध सभा को सम्बोधित करते हुए इ. नेहा सिंह, अधिशासी अभियंता ने कहा कि विद्युत विभाग का निजीकरण बिलकुल भी जनहितकारी नहीं है। जहां एक ओर कोरोना महामारी के चलते उपभोक्ता परेशानी से जूझ रहे हैं वहीं दूसरी ओर सरकार द्वारा निजीकरण का कुचक्र चलाकर किसानों व आम जनमानस को महंगाई के कुए में धकेलने का घातक प्रयास कर रही है। जिसे हम अपनी आखिरी साँस तक मुमकिन नहीं होने देंगे।

राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर्स संगठन के क्षेत्रीय अध्यक्ष इ. संजीव प्रभाकर ने सभा को सम्बोधित करते हुए कहा कि अगर सरकार द्वारा निजीकरण का प्रस्ताव नहीं रोका तो संघर्ष समिति के निर्देशानुसार आज से शुरू हुए 02 बजे से 05 बजे तक विरोध सभा का कार्यक्रम मुख्य अभियंता प्रांगण में 04-10-2020 तक यथावत जारी रहेगा, व दिनांक 05-10-2020 को पूरे दिन कार्य बहिष्कार करते हुए मुख्य अभियंता कार्यालय हाइडिल काॅलोनी झाँसी में विरोध सभा की जाएगी एवं सम्बोधित करते हुए कहा कि निजीकरण के कारण विद्युत दरों में गुणोत्तर वृद्धि होगी साथ ही किसानों व गरीब उपभोक्ताओं को मिलने वाली सब्सिडी से वंचित होना पड़ेगा।

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इ. प्रकाश राव, सहायक अभियंता(आई.टी.) ने सभा को सम्बोधित करते हुए कहा कि निजीकरण के प्रस्ताव के कारण कर्मिकों के मन में अवसाद की स्तिथि उत्पन्न हो रही है, जिसके कारण पारिवारिक जीवन भी प्रभावित हो रहा है। आम जनमानस को अपने बच्चों के भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए अग्रणी भूमिका निभाकर इस निजीकरण का विरोध करने के लिए आगे आना होगा।

विरोध सभा में अधीक्षण अभियंता इ. अजय कपूर, इ. एस.आर.गर्ग, इ. जे.पी.एन.सिंह, अधिशासी अभियंता इ. रविंद्र बाबू, इ. शैलेंद्र कटियार, इ. राजवीर सिंह, इ. अनुभव कुमार, इ. डी.यादवेंदु, इ. ए.के.माथुर, सहायक अभियंता इ. शोभित दीक्षित, इ. सुनील, इ. धर्मेंद्र, इ. धर्मवीर, इ. कन्हैया लाल, इ. सीमा, इ. दिनेश, इ. योगेश, इ. आलोक, अवर अभियंता इ. रोहित, इ. एम.एम.सिद्दीकी इ. अखिलेश, इ. सुमन, इ. वर्षा, इ. मनीष, इ. अमित, इ. पुष्पेंद्र, इ. दीपा, इ. राम नरेश, इ. माहेश्वरी, इ. पूजा, इ. नेहा, इ. शालिनी, इ. रामकुमार, इ. उमेश एवं कर्मचारिगण कार्यालय सहायक श्री सुमन्त, श्री निशित, श्री अजीत, श्री कुलदीप, श्री रणजीत, श्री रवि, श्री जितेन्द्र, श्री वरुण, श्री कृष्णा गोपाल, श्री शिखर, श्री उमेश, श्री शमीम, श्री रामअवतार, श्री प्रमोद, श्री आशीष, श्री सतीश, श्री कालका, श्री नीलम, श्री ज्योति, श्री हेमलता, श्री नंदिनी, श्री दिलीप, श्री बलदेव, श्री नवाब, श्री निहाल, श्री सूरज, श्री धर्मेंद्र, श्री दिलीप आदि समस्त कार्मिक उपस्तिथ रहे। संयोजक झाँसी क्षेत्र  इ. चंद्रेश सिंह तोमर ने सभी का आभार व्यक्त किया। सभा की अध्यक्षता इ. दिग्विजय सिंह ने की।

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